Retail
  • देश
  • राज्य
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • छत्तीसगढ़
    • झारखंड
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • हिमाचंल प्रदेश
    • हरियाणा
    • महाराष्ट्र
  • उत्तराखंड
    • कुमाऊं
      • अल्मोड़ा
      • चम्पावत
      • उधम सिंह नगर
      • नैनीताल
      • पिथौरागढ़
      • बागेश्वर
    • गढ़वाल
      • उत्तरकाशी
      • चमोली
      • देहरादून
      • टिहरी गढ़वाल
      • पौड़ी गढ़वाल
      • रुद्रप्रयाग
      • हरिद्वार
  • राजनीति
  • धर्म संस्कृति
  • शिक्षा/रोजगार
  • वायरल
  • खेल
  • स्वास्थ्य
  • दुनिया
  • संपादकीय
No Result
View All Result
  • देश
  • राज्य
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • छत्तीसगढ़
    • झारखंड
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • हिमाचंल प्रदेश
    • हरियाणा
    • महाराष्ट्र
  • उत्तराखंड
    • कुमाऊं
      • अल्मोड़ा
      • चम्पावत
      • उधम सिंह नगर
      • नैनीताल
      • पिथौरागढ़
      • बागेश्वर
    • गढ़वाल
      • उत्तरकाशी
      • चमोली
      • देहरादून
      • टिहरी गढ़वाल
      • पौड़ी गढ़वाल
      • रुद्रप्रयाग
      • हरिद्वार
  • राजनीति
  • धर्म संस्कृति
  • शिक्षा/रोजगार
  • वायरल
  • खेल
  • स्वास्थ्य
  • दुनिया
  • संपादकीय
No Result
View All Result
New Logo Copy 2 1
No Result
View All Result

अल्मोड़ा का प्रसिद्ध गोलू देवता मंदिर

by Rajendra Joshi
March 17, 2022
in उत्तराखंड, धर्म संस्कृति
0

ईस्ट देव चितई गोलू देवता मंदिर

देवभूमि में अनेकों प्रतिष्ठित देवता हैं, अगर हम बात करें की कुमांऊँ की तो गोल्जयू, सैम, हरू, ऐड़ी, गंगनाथ आदि देवता हैं ये सभी देवता मध्यकाल के उदार और आशीर्वादवादी देवता माने जाते हैं जो अपने-अपने सीमाओं में विजय कर देवता के समान प्रतिष्ठित हुए।

(Golu Devta Mandir)

उन्हीं में से एक गोलू देवता है जो न्याय के देवता माने जाते हैंं, वह शाररीक और मानसिक बाधाओं को दूर कर आध्यात्मिक सुख को प्रदान करने के लिए विख्यात हैं। गोलू देवता कुमाऊँ में सर्वाधिक प्रसिद्ध देवता हैं।

-

 

कुमाऊँ में गोलू देवता के तीन सबसे प्रचलित मंदिर हैं-

1. चितई गोलज्यू मंदिर

2. घोड़ाखाल मंदिर

3.गोलज्यू की जन्मस्थली, चम्पावत मंदिर

1़. चितई गोलज्यू मंदिर-यह मंदिर अल्मोड़ा कलेक्ट्रेट से दन्या-पिथौरागढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर 6 किमी0 दूरी में स्थित है। यह पर समूचे देश से लोगों की आस्था का प्रतीक है, वैसे तो इसके निमार्ण के कोई ऐतिहासिक प्रमाण नहीं मिलते हैं परन्तु कुछ स्थानों पर चितई गोलज्यू मंदिर का 1909 में पुननिर्माण हुआ माना जाता है।

चितई गोलज्यू मंदिर केे गर्भगृह में गोलू देवता अपने घोडें पर सवार हैं और धनुष पर बाणा चड़ाए हुए हैं और अपने राजसी वस्त्र धारण किये हुए हैं। साथ ही माता कालिका भी विराजमान है। इस मंदिर के द्वार पर गोलज्यू कलुवा व मासाण भी गोलज्यू की सेवा में तैनात हैं।

चितई गोलज्यू मंदिर में गोलू देवता के प्रतिनिधिगौर-भैरवकी पूजा की जाती है।

चितई गोलज्यू मंदिर का आकार अष्टकोणीय तथा इसके परांगण में लाखों छोटी-बड़ी घंटीयाँ है।

लोकमान्यताओं के अनुसार चितई गोलज्यू मंदिर में घंटीयाँ और त्रिशूल चड़ावे से लोगोे की मनोकामनाऐं पूर्ण हो जाती हैं। भूतकाल में चितई गोलज्यू मंदिर में बकरे की बली या चड़ावा भी चड़ता था जो कलांन्तर में प्रतिबंधित कर दी गई।

मंदिर के आगन में धूनी बनी हुई है जिसमें अनगिनत त्रिशूल गड़े हुए हैं, मंदिर परांगण में लगे तार पर हजारों-हजार न्याय के लिए कागज पर लिखी चिट्ठीयों लगी हुई हैं जिनमें न्याय मिलने पर अपने दिये हुए वचन को पूरा का ब्यौरा लिखा होता है।

-

 

चितई गोलू देवता मंदिर को गोलू देवता का पीठ या दरबार माना जाता है इस कारण से यहाँ न्याय माँगने वालों की भारी भीड़ लगी होती है।
गोलू देवता मंदिर में घंटी, नारियल व त्रिशूल का चड़ावा चड़ता है साथ ही यहाँ पर भोग (अनाज की पोटली) भी दी जाती है।
दुनियाभर मे ऐसा मानना है कि गोलू देवता अन्याय से पीड़ित व्यक्ति को न्याय दिलाते हैं इसलिए गोलू देवता मंदिर को उनका न्यायलय भी माना जाता है (कुमाऊँ में यह भी कहावत है कि जब नैनीताल से न्याय न मिले तो चितई चले आओं)। यहाँ पर प्रत्येक रविवार को प्रार्थनाऐं या अर्जी लगती हैं।
स्थानीय लोग गोलू देवता मंदिर में घात भी लगाते है। उत्पीड़ीत व्यक्ति चीख-चिल्ला कर गोलू देवता के मंदिर में घात लगाता है। घात लगाता व्यक्ति कहता है कि हे! गोल्जयू तूमि देखा और न्याय करा, तुम ही मलीक छा
माना जाता है कि ऐसे मे गोलू देवता पीड़ीत की बात सुनते हैं और अन्याय करने वाले पक्ष को उचित दण्ड देते हैं ।
देवभूमि समीक्षा के वाट्सएप ग्रुप से जुड़ने के लिये यहाँ क्लिक करेंःWhatsapp
Tags: Golu Devta Mandirगोलज्यू की जन्मस्थलीघोड़ाखाल मंदिरचम्पावत मंदिरचितई गोलज्यू मंदिर

Related Posts

-
देहरादून

स्वामी राम हिमालयन विश्वविद्यालय का 8वां दीक्षांत समारोह संपन्न

-
देहरादून

धामी सरकार का जनसेवा अभियान बना सुशासन का सशक्त मॉडल

-
देहरादून

अवैध निर्माणों पर एमडीडीए का बड़ा प्रहार, प्राधिकरण ने दी चेतावनी

-
देहरादून

टपकेश्वर मंदिर पहुंचकर भगवान शिव की विशेष पूजा-अर्चना करते मंत्री गणेश जोशी

Load More
Next Post

लघु कहानी- पिथौरागढ़ का एक श्रापित शिवालय, एक हथिया देवालय, पिथौरागढ़ (थल)

https://youtu.be/Kdwzmnon_Jc

Like Us

Facebook New 01

Web Stories

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी 2024
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी 2024
उत्तराखण्ड : आज के सभी प्रमुख समाचार।
उत्तराखण्ड : आज के सभी प्रमुख समाचार।
  • About
  • Contact Us
  • Advertise
  • Privacy & Policy
  • Terms & Conditions
  • Disclaimer

© 2024 Dev Bhoomi Samiksha All Rights Reserved

No Result
View All Result
  • देश
  • राज्य
    • नई दिल्ली
    • उत्तर प्रदेश
    • पंजाब
    • छत्तीसगढ़
    • झारखंड
    • बिहार
    • मध्य प्रदेश
    • हिमाचंल प्रदेश
    • हरियाणा
    • महाराष्ट्र
  • उत्तराखंड
    • कुमाऊं
      • अल्मोड़ा
      • चम्पावत
      • उधम सिंह नगर
      • नैनीताल
      • पिथौरागढ़
      • बागेश्वर
    • गढ़वाल
      • उत्तरकाशी
      • चमोली
      • देहरादून
      • टिहरी गढ़वाल
      • पौड़ी गढ़वाल
      • रुद्रप्रयाग
      • हरिद्वार
  • राजनीति
  • धर्म संस्कृति
  • शिक्षा/रोजगार
  • वायरल
  • खेल
  • स्वास्थ्य
  • दुनिया
  • संपादकीय

© 2024 Dev Bhoomi Samiksha All Rights Reserved

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी 2024उत्तराखण्ड : आज के सभी प्रमुख समाचार।